देहरादून: कुछ तस्वीरें भाषण नहीं देतीं, बस अपनी सरलता से दिल में उतर जाती हैं। उत्तराखंड के गैरसैंण (भरारीसैंण) में चल रहे बजट सत्र के बीच से एक ऐसी ही सुखद तस्वीर सामने आई है, जो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई है।
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अपर सचिव मुख्यमंत्री एवं सूचना महानिदेशक व एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी अपनी शालीनता के लिए जाने जाते हैं। यहाँ उन्होंने किसी तामझाम या प्रोटोकॉल की परवाह न करते हुए गाँव के एक साधारण नल पर रुककर अपनी प्यास बुझाई। गिलास या बोतल के बजाय, एक आम पहाड़ी व्यक्ति की तरह हाथों की अंजलि बनाकर पानी पिया। उनकी इस सहजता को देखकर वहाँ मौजूद ग्रामीण और कर्मचारी उनकी सादगी के कायल हो गए।
पद का अहंकार नहीं, अपनत्व का भाव
यह पहली बार नहीं है जब बंशीधर तिवारी का यह सौम्य रूप दिखा हो। वे जहाँ भी जाते हैं, लोगों के बीच इस तरह घुल-मिल जाते हैं कि आभास ही नहीं होता कि वे एक वरिष्ठ IAS अधिकारी हैं। उनकी यह कार्यशैली दर्शाती है कि पद कितना भी बड़ा क्यों न हो, जमीन से जुड़ाव ही इंसान को असली सम्मान दिलाता है।





